रोज़ ऑफिस में लेट पहुँचाना – कोई तो हज़ार कोशिश करने के बाद भी ऑफिस में टाइम पर नहीं पहुंच पाता।
ऑफिस में देर से जाना एक बुरी आदत है जो आपके काम के साथ-साथ ऑफिस में आपके इंप्रेशन को भी खराब करती है। ऑफिस में देर से पहुंचने पर बॉस की डांट तो सुननी पड़ती ही है साथ ही कहीं तो लेट आने पर सैलरी भी काट ली जाती है।
इन सब खामियों के बावजूद रोज़ ऑफिस में लेट पहुँचाना भी एक खूबी मानी जाती है।
जी हां, हाल ही में हुए एक शोध में इस बात का खुलासा हुआ है कि जो लोग ऑफिस लेट आते हैं वो दूसरों की तुलना में ज्यादा क्रिएटिव और सफल होते हैं।
अमेरिका की सैन डियागो यूनिवर्सिटी में हुए इस शोध के मुताबिक रोज़ ऑफिस लेट पहुंचने वाले लोग खुद को ऑफिस के माहौल के हिसाब से ढालना अच्छी तरह से जानते हैं। अपनी इसी खूबी के कारण ये किसी भी तरह की परिस्थिति में आसानी से काम कर लेते हैं। इन्हें अपने आसपास की नेगेटिविटी से कोई फर्क नहीं पड़ता है। इन्हें मुश्किल से मुश्किल हालात में भी खुद को एडजस्ट करना आता है।
रिसर्च की मानें तो ऐसे लोग क्रिएटिव के साथ-साथ मल्टी टास्किंग भी होते हैं। ये लोग अपने सामने आने वाली छोटी-मोटी परेशानियों से घबराते नहीं हैं। साथ ही रोज़ ऑफिस में लेट पहुँचाना एक साहस होता है, जो रोज़ बॉस की डांट खाकर भी हमेशा लेट आने में इनकी मदद करता है।
रोज़ ऑफिस में लेट पहुँचाना – इनकी यही खूबी इन्हें दूसरों से अलग बनाती है और इसी वजह से ऐसे लोग अपनी जिंदगी में ज्यादा सफल रहते हैं।
अगर आप भी ऐसे लोगों में से हैं जो अकसर ऑफिस पहुंचने में लेट-लतीफी दिखाते हैं तो इस रिसर्च के परिणाम जानकर आपको खुशी जरूर होगी।
वैसे रोज़ ऑफिस में लेट पहुँचाना अनुशासन के द्रष्टिकोण से सही बात नहीं है.